जामुड़िया- श्रद्धा, भक्ति और आस्था का अनुपम संगम बुधवार को जामुड़िया के श्री अग्रसेन भवन में देखने को मिला, जहां श्री नारायणी महिला समिति की ओर से श्री राणीसती दादी का 12वां सामूहिक मंगलपाठ उत्सव पूरे धार्मिक उल्लास के साथ मनाया गया. दादी के दर्शन और मंगलपाठ में शामिल होने के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी. पूरा परिसर दादी के जयकारों और भजनों से गुंजायमान रहा.
उत्सव का सबसे मनोहारी दृश्य तब देखने को मिला, जब पारंपरिक वेशभूषा में सजी 301 महिलाओं ने एक साथ श्री राणीसती दादी का मंगलपाठ किया. श्रद्धा और भक्ति से ओतप्रोत इस सामूहिक पाठ ने वातावरण को आध्यात्मिक ऊर्जा से भर दिया.दादी का अलौकिक श्रृंगार, छप्पन भोग, गजरा उत्सव, सिंधारा और मेहंदी की रस्म श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र रही. श्रद्धालुओं का कहना था कि ऐसा लग रहा था मानो राजस्थान का प्रसिद्ध झुंझुनूं धाम ही जामुड़िया में उतर आया हो.
सूरत से पधारी भजन कोकिला सुरभि बिरजुका ने सहयोगी दीपक बिरजुका के साथ दादी के भजनों की ऐसी मंगलपाठ की रसपूर्ण प्रस्तुति दी कि श्रद्धालु भक्ति में झूम उठे. कई महिलाएं भावविभोर होकर दादी की आराधना करती नजर आईं.
समिति की अनिता मैंगोतिया और मधु सिंघानिया ने बताया कि यह उत्सव हर वर्ष सुहागिन महिलाओं द्वारा अपने अखंड सौभाग्य, सुखी दांपत्य जीवन और परिवार की समृद्धि की कामना के साथ आयोजित किया जाता है.आयोजन को सफल बनाने में संगीता सिंघानिया, मंजू खैतान, सीमा अग्रवाल, बेबी जोशी, वंदना संथोलिया, अंजना संथोलिया, बबीता बालुका, सीमा तुलसियान, रमेश मैंगोतिया, कैलाश सावरिया, मयंक चौधरी, हर्ष संथालिया, राजेश शर्मा, बिष्णु बंसल, संजय अग्रवाल (डब्बू), राजेश गुप्ता, गोविंद तायल, प्रदीप डोकानिया, सुनील सिंघानिया, संजय संथालिया, मनोज सिंघानिया एवं कानू तुलसियान सहित समिति के सभी सदस्यों की महत्वपूर्ण भूमिका रही.



0 टिप्पणियाँ