बिहार से तृणमूल कांग्रेस (TMC) के स्टार प्रचारक के रूप में आए तेजस्वी यादव ने भटपारा में एक चुनावी जनसभा को संबोधित किया। लेकिन चर्चा उनकी बातों से ज्यादा वहां हुई हिंसा की रही। तेजस्वी की सभा के ठीक सामने ही दो गुटों के बीच हिंसक झड़प हो गई, जिससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई।
इस घटना ने एक नई बहस छेड़ दी है। यह तय कर पाना मुश्किल है कि ज्यादा निराशाजनक क्या है— प्रचार के लिए तृणमूल कांग्रेस का तेजस्वी यादव (बाहरी चेहरे) पर निर्भर होना, या फिर उनके सामने ही इस कदर अनुशासनहीनता और अराजकता का पैदा होना।

0 टिप्पणियाँ