कोलकाता (पीबी टीवी) : पश्चिम बंगाल के मुख्य निर्वाचन अधिकारी (CEO) मनोज कुमार अग्रवाल ने देश की चुनावी व्यवस्था में एक नया अध्याय जोड़ दिया है। यह देश में पहली बार है जब किसी राज्य के CEO ने चुनाव तैयारियों का जायजा लेने के लिए भारतीय वायुसेना (IAF) के हेलीकॉप्टर का उपयोग किया है।आकाश मार्ग से उत्तर से दक्षिण तक का दौराचुनाव में अब 48 घंटे से भी कम का समय शेष है, ऐसे में सुरक्षा और प्रशासनिक तैयारियों को परखने के लिए CEO मनोज कुमार अग्रवाल ने हवाई मार्ग चुना है।सोमवार का कार्यक्रम: उन्होंने कोलकाता से मालदा, फिर उत्तर दिनाजपुर और शाम को कूचबिहार का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने जिला प्रशासन के साथ उच्च स्तरीय बैठकें कीं।मंगलवार का रूट: आज वे कूचबिहार से सीधे वायुसेना के हेलीकॉप्टर द्वारा पश्चिम मेदिनीपुर के लिए रवाना हुए। उनके साथ विंग कमांडर प्रदीप ए. हरिहरण इस पूरी यात्रा की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं।अतिरिक्त संसाधन: केंद्र सरकार ने चुनाव आयोग की सहायता के लिए 3 और हेलीकॉप्टर उपलब्ध कराए हैं ताकि निगरानी और भी प्रभावी हो सके।दो दशकों बाद ऐसा उदाहरणबंगाल के चुनावी इतिहास में लगभग 20 साल बाद किसी CEO ने आकाश मार्ग से तैयारियों का निरीक्षण किया है। इससे पहले 2006 में तत्कालीन CEO देबाशिस सेन ने हेलीकॉप्टर का उपयोग किया था, लेकिन वायुसेना के बेड़े का उपयोग करना अपने आप में पहली घटना है।राजनीतिक प्रतिक्रिया: टीएमसी ने जताई आपत्तिइस कदम पर राज्य की सत्ताधारी पार्टी तृणमूल कांग्रेस (TMC) ने कड़ा ऐतराज जताया है। पार्टी नेताओं का आरोप है कि:छवि खराब करने की कोशिश: वायुसेना और भारी केंद्रीय सुरक्षा घेरे में CEO का घूमना राज्य की कानून-व्यवस्था की गलत तस्वीर पेश करता है।नकारात्मक संदेश: टीएमसी का मानना है कि यह पूरे देश में बंगाल के प्रति एक नकारात्मक धारणा बनाने का प्रयास है।मुख्य उद्देश्यनिर्वाचन सदन के अनुसार, इस हवाई दौरे का मूल उद्देश्य कम समय में संवेदनशील जिलों की प्रशासनिक और सुरक्षा तैयारियों को जमीनी स्तर पर सत्यापित करना है। CEO आज शाम कोलकाता लौट आएंगे, जिसके बाद अंतिम चरण की सुरक्षा ब्रीफिंग होने की उम्मीद है।

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