रानीगंज: हिल बस्ती इलाके में स्थित मां लक्ष्मी और मां सरस्वती मंदिर में बुधवार से तीन दिवसीय धार्मिक अनुष्ठान का भव्य शुभारंभ हुआ. इस अवसर पर मां लक्ष्मी और मां सरस्वती की मूर्तियों की प्राण प्रतिष्ठा का आयोजन किया गया.
प्रातः भव्य कलश यात्रा निकाली गई जिसमें बड़ी संख्या में स्थानीय महिलाओं ने भाग लिया.यह यात्रा मंदिर परिसर से निकलकर रानीगंज के चूड़ी पट्टी, बड़ा बाजार सहित शहर के विभिन्न मुख्य मार्गो से होकर गुजरी और वापस मंदिर परिसर में आकर समाप्त हुई.
इसके बाद मंदिर का शुद्धिकरण किया गया और विभिन्न धार्मिक अनुष्ठानों के माध्यम से मां लक्ष्मी की मूर्ति की प्राण प्रतिष्ठा की गई. गुरुवार को मां सरस्वती की मूर्ति की प्राण प्रतिष्ठा की जाएगी.
100 साल पुराना है मंदिर: मंदिर कमेटी के कोषाध्यक्ष कल्लोल मुखर्जी ने बताया कि यह मंदिर लगभग 100 साल पुराना है और पूरे पश्चिम बर्धमान जिले में सिर्फ इसी मंदिर में मां लक्ष्मी और मां सरस्वती की एक साथ पूजा की जाती है. लगभग 96 वर्षों से यहां पर मां लक्ष्मी और मां सरस्वती की पूजा होती आ रही है.
इस पूरे आयोजन में सबसे विशेष बात रही हरिपुर इलाके से आई महिला ढाकी की टीम.उन्होंने अपने ढोल की थाप से धार्मिक अनुष्ठान को एक नया आयाम दिया. अगले दो दिनों तक भी यहां पर विभिन्न धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा और भक्तों के लिए भोग का भी आयोजन किया गया है.
इस मौके पर मंदिर कमेटी के अध्यक्ष कार्तिक जायसवाल, अंबिका प्रसाद राय, सचिव दीपक रजक, सोमनाथ पाल, कोषाध्यक्ष कल्लोल मुखर्जी, राजा आड्या आदि उपस्थित थे.
कल्लोल मुखर्जी ने सभी से आग्रह किया कि वह इस धार्मिक अनुष्ठान में आए और तीन दिन चलने वाले इस कार्यक्रम का आनंद उठाएं.










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