आसनसोल : मंगलवार की रात चित्रा मोड़ के समीप ओवरलोडिंग बालू से लदे डंपर ने बाइक को धक्का मार दी। जिसमें बिट्टू सिंह और विदेशी देवघरिया नामक दो युवकों की मौत हो गई। इस घटना से आक्रोशित स्थानीय नागरिकों ने मुआवजे की मांग पर हीरापुर थाना का घेराव किया। इन लोगों की मांग थी कि मृतक के आश्रितों को मुआवजा दी जाए और साथ ही बालू ढुलाई बंद करवाई जाए एवं जिस डम्पर ने धक्का मारा है। उसके चालक को सजा दी जाए। घेराव के दौरान प्रदर्शन कर रहे नागरिकों में काफी आक्रोश था। वे लोग पुलिस अधिकारी से बार-बार पूछ रहे थे कि आखिर किसके शह पर यह ओवरलोडिंग अवैध बालू ढलाई का धंधा चल रहा है। उन्हें तृणमूल नेता कैप्टन दा आक्रोशित प्रदर्शनकारियों को समझाने का प्रयास कर रहे थे। लेकिन प्रदर्शनकारियों का आक्रोश थमने का नाम ही नहीं ले रहा था इस दौरान एक प्रदर्शनकारी ने बताया कि मृत दोनों युवक जरूरतमंद लोगों के साथ हमेशा खड़ा रहते थे। उनके दुख सुख में वे लोग हमेशा शामिल रहते थे। उनके मौत से स्थानीय लोगों की अपूरणीय क्षति हुई है।वे तृणमूल के कार्यकर्ता थे। लेकिन उसके पहले वे आसनसोल शिल्पांचल के निवासी थे। हमारे मित्र थे। अवैध बालू ढुलाई के धंधे के कारण उनकी जान चली गई।उनके दो-दो बच्चे हैं। उनकी क्या गलती है। उनका अब जीवन कैसे कटेगा। इसके लिए उन्हें उचित मुआवजा दी जानी चाहिए।उन्होंने कहा कि धंधा चले लेकिन आम नागरिकों का जीवन भी सुरक्षित हो। इसका भी पुलिस प्रशासन को ध्यान देनी चाहिए। कई बार उन लोगों ने इसका विरोध किया है।लेकिन पुलिस प्रशासन इस पर अंकुश लगाने में असफल साबित हुई है। बाद में पुलिस अधिकारी के मुआवजा दिलाने के आश्वासन के बाद घेराव समाप्त हुआ।

0 टिप्पणियाँ