रांनीगंज-रानीगंज के पारम्परिक परिवारों के दुर्गा पूजा में से एक 500 साल से भी ज्यादा समय से चल रही सियारसोल राजबाड़ी के हाजरा बुड़ि मां दुर्गा पूजा के नवपत्रिका विसर्जन से पहले ही अन्य वर्षो की भांति इस साल भी कुमारी पूजा सम्पन्न हुई . नियमों के अनुसार यहां देवी दुर्गा की पूजा की जाती है, लेकिन भक्तों ने यहां बलि की रस्म को 10 साल पहले ही बंद कर दिया है. इस बार कद्दू की बलि देकर ही अनुष्ठान किया . हालांकि, रिवाज के अनुसार दशमी के दिन कुंवारी लड़की को मां की मूर्ति के सामने देवी के रूप में तैयार कर पुजा की जाती है. सैकडों सुहागिन महिलाओं और युवतियों ने देवी दुर्गा के रूप में कुंवारी कन्याओं की पूजा की और देवी दुर्गा को अपनी मनोकामनाएं मांगे.

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