कोलकाता (पीबी टीवी )भाजपा आईटी सेल के प्रमुख अमित मालवीय ने आसनसोल के एक निजी होटल में आयोजित संवाददाता सम्मेलन में यह दावा किया कि पश्चिम बंगाल में 2026 चुनाव के बाद तृणमूल की विदाई हो जाएगी और भाजपा अगला बजट पेश करेगी। अमित मालवीय ने भी यह आरोप लगाया कि पिछले पांच वर्षों में लगभग 4,000 कंपनियां पश्चिम बंगाल से बाहर चली गयी हैं।आसनसोल औद्योगिक क्षेत्र में केंद्र सरकार द्वारा संचालित विभिन्न उद्योगों के बंद होने के संबंध में भाजपा आईटी सेल के प्रमुख अमित मालवीय ने कहा, "पश्चिम बंगाल में कानून-व्यवस्था की समस्या है, यहां सिंडिकेट राज्य चल रहा है। इसीलिए निवेशक नहीं आ रहा है।"उन्होंने यह भी दावा किया कि अगर भाजपा इस राज्य में सत्ता में आती है तो वह विभिन्न औद्योगिक क्षेत्रों में विकास योजनाएं लाएगी।अमित मालवीय और डॉ. अशोक लाहिड़ी ने केंद्र सरकार के बजट और राज्य सरकार के बजट की तुलना करते हुए कहा कि केंद्र सरकार के बजट में समाज के हर वर्ग के लिए कुछ न कुछ है और इसमें 2047 तक विकसित भारत के सपने को साकार करने का रोडमैप तैयार किया गया है। उन्होंने कहा कि जिस तरह केंद्र सरकार के बजट में युवाओं, बुजुर्गों और महिलाओं के लिए निवेश और रोजगार के अवसर पैदा करने के साथ-साथ सामाजिक सुरक्षा परियोजनाओं का भी ध्यान रखा गया है। इसलिए लोगों को इस बजट से काफी उम्मीदें हैं।उन्होंने कहा कि यह बजट मध्यम वर्ग के लिए भी ऐतिहासिक बजट है क्योंकि इस बजट के माध्यम से मध्यम वर्ग को बहुत बड़ी सौगात दी गई है। 12 लाख रुपये तक की वार्षिक आय पर कोई आयकर नहीं लगेगा। मध्यम वर्ग की यह मांग लंबे समय से की जा रही थी और इस बजट में इसे पूरा किया गया है।
उन्होंने कहा कि इस बजट के माध्यम से बाजार में मांग बढ़ेगी और मांग बढ़ने से उत्पादन बढ़ेगा और अंतत: बाजार और भी ऊपर उठेगा। उन्होंने कहा कि नरेंद्र मोदी सरकार ने हमेशा रोजगार के अवसर पैदा करने और छोटे एवं मध्यम उद्योगपतियों को बढ़ावा देने के लिए प्रयास किए हैं और इस बार का बजट उस दिशा में मील का पत्थर साबित होगा।
वही बंगाल बजट की आलोचना करते हुए उन्होंने कहा कि बंगाल के बजट में ऐसा कुछ भी नहीं है जिससे आने वाले समय में बंगाल के युवाओं और महिलाओं को फायदा हो। यहां ऐसा कुछ भी नहीं रखा गया है जिससे रोजगार के अवसर पैदा हो। सिर्फ कुछ वादे किए गए हैं, लेकिन हमने देखा है कि 2011 से लेकर अब तक ममता बनर्जी द्वारा बजट में जो भी वादा किया जाता है, वह पूरा नहीं होता है। उन्होंने कहा कि आयुष्मान भारत परियोजना को नरेंद्र मोदी सरकार ने लागू किया, लेकिन इसे सिर्फ बंगाल में ही लागू नहीं किया जा रहा है, जिसके कारण यहां के लोगों को आयुष्मान भारत की सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं। उन्होंने कहा कि आयुष्मान भारत जैसी बहुत ही बेहतरीन लोक कल्याणकारी परियोजना को सिर्फ राजनीतिक हितों की पूर्ति के लिए लागू नहीं किया जा रहा है।

0 टिप्पणियाँ