आसनसोल : बीते मंगलवार की रात बालू से लदे डंपर के धक्का मारने के कारण चित्रा मोड़ के समीप बिट्टू सिंह और विदेशी देवघरिया की मौत हो गई थी। इसके बाद से ओवरलोडिंग बालू ढुलाई के खिलाफ अग्निमित्रा पाल प्रखर रूप से इसका विरोध कर रही है। शुक्रवार की शाम अग्निमित्र पाल मृतक बिट्टू सिंह के घर पहुंच कर उनके परिजनों से मिली। इसके बाद चित्रा मोड़ के समीप धरना प्रदर्शन किया। वहीं शनिवार की सुबह इस दुर्घटना में असमय काल के गाल में समाय विदेशी देवधरिया के घर पहुंची। वे विदेशी देवधरिया के तस्वीर पर माला पहना कर श्रद्धांजलि अर्पित की। उसके बाद विदेशी देवघरिया के पत्नी बच्चे और उनके बड़े भाई राजेश देवधरिया के साथ बातचीत की। इस दौरान अग्निमित्र पालने उनके साथ खड़ा रहने का आश्वासन दिया। वही मीडिया से मुखातिब होते हुए अग्निमित्रा पाल ने कहा कि अवैध बालू ढुलाई के कारण 3 दिन पहले दो युवकों की मौत हो गई थी। जिसमें बिट्टू सिंह और विदेशी देवघरिया असमय काल के गाल में समा गए। विदेशी देवरिया 5 घंटे तक जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष करता रहा। जब दुर्घटना हुई, तो पुलिस उसे आसनसोल जिला अस्पताल ले गई। जहां उसके पेट में दर्द था। परिजनों के बार बार कहने के बाद भी नहीं सुन रहे थे। डॉक्टरों का कहना था कि डॉक्टर हम हैं। मैं जानता हूं क्या हुआ है। इस तरह का अमानविय व्यवहार का परिचय देते हुए विदेशी देवधरिया परेशानियों को नहीं समझा। उन्हें 5 घंटे के बाद गौरी देवी अस्पताल के लिए रेफर किया गया।लेकिन दुर्भाग्यवश रास्ते में ही विदेशी देवधरिया की मौत हो गई। इसके लिए कौन जिम्मेदार है।जब तक अवैध बालू ढलाई का बंद नहीं किया जाएगा। तब तक फिर से ऐसी दुर्घटना नहीं होगी। इसका गारांटी कौन लेगा। क्योंकि ओवरलोडिंग अवैध बालू ढुलाई करने वाले ट्रक चालक शराब पीकर तेज रफ्तार में गाड़ी चलाते हैं और आम नागरिक दुर्घटना का शिकार होता है। यह अवैध बालू ढुलाई का कार्य बंद नहीं हुआ तो भाजपा वृहद आंदोलन करने के लिए बाध्य होगी।









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