मंदिर-मस्जिद नहीं, स्कूल और कारखाने चाहिए' डीवाईएफआई ने टीएमसी और भाजपा पर साधा निशाना
रानीगंज: रानीगंज के बल्लभपुर (बंगाल) पेपर मिल सहित पश्चिम बंगाल के तमाम बंद पड़े कारखानों को पुनर्जीवित करने की मांग को लेकर डेमोक्रेटिक यूथ फेडरेशन ऑफ इंडिया ने हुंकार भरी है. रविवार को बल्लभपुर पेपर मिल के मुख्य द्वार पर संगठन की ओर से जोरदार प्रदर्शन किया गया, जिसके बाद एक संवाददाता सम्मेलन के जरिए आगामी आंदोलनों की रूपरेखा रखी गई.
औद्योगिकीकरण को लेकर वामपंथ बनाम टीएमसी-भाजपा संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए डीवाईएफआई के राज्य सचिव ध्रुव ज्योति साहा ने कहा कि बंगाल में औद्योगिक क्रांति का श्रेय वामपंथी सरकारों को जाता है. उन्होंने याद दिलाया कि ज्योति बसु और बुद्धदेव भट्टाचार्य के कार्यकाल में बकरेश्वर से लेकर बंगाल पेपर मिल तक उद्योगों का जाल बिछाया गया था. वर्ष 2009 में तत्कालीन मुख्यमंत्री बुद्धदेव भट्टाचार्य ने बल्लभपुर मिल को फिर से खोलने का शिलान्यास किया था, लेकिन टीएमसी के 15 साल के शासन में एक भी नया कारखाना नहीं लगा, बल्कि जो थे वे भी बंद हो गए.
27 जनवरी को निकलेगी महा-रैली
संगठन ने घोषणा की कि 27 जनवरी को बल्लभपुर पेपर मिल के गेट से एक विशाल रैली निकाली जाएगी. यह रैली शहीद सुकुमार बनर्जी की मूर्ति तक जाएगी, जहाँ श्रद्धांजलि सभा के बाद इसे एक विशाल समावेश में बदल दिया जाएगा। मांग स्पष्ट है—पश्चिम वर्धमान और पूरे बंगाल के बंद कारखानों को तुरंत खोला जाए.
टीएमसी और भाजपा पर मिलीभगत का आरोप
ध्रुव ज्योति साहा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सिंगूर दौरे पर कटाक्ष करते हुए कहा की आज पीएम वहां कारखाने की बात कर रहे हैं, लेकिन जब ममता बनर्जी सिंगूर के लगभग तैयार कारखाने को बंद करने के लिए धरने पर बैठी थीं, तब भाजपा नेता राजनाथ सिंह ने उनका समर्थन किया था. सच तो यह है कि टीएमसी और भाजपा ने मिलकर बंगाल के औद्योगिक भविष्य को बर्बाद किया है. केवल वामपंथी ही राज्य को सही दिशा दे सकते हैं.
मंदिर-मस्जिद बनाम शिक्षा-रोजगार
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के सिलीगुड़ी में महाकाल मंदिर शिलान्यास पर प्रतिक्रिया देते हुए साहा ने कहा, "मंदिर-मस्जिद बनाना राष्ट्र का काम नहीं है. जनता के पास अपनी आस्था के लिए पर्याप्त धन है. सरकार का काम स्कूल और कारखाने बनाना है ताकि युवाओं को शिक्षा और रोजगार मिल सके.भाजपा और टीएमसी लोगों को हिंदू-मुसलमान की राजनीति में उलझाकर रखना चाहती हैं, जिसके खिलाफ हमारा आंदोलन जारी रहेगा.
इस कार्यक्रम में राज्य सभापति आयनांशु सरकार, जिला सचिव वृंदावन दास, जिला अध्यक्ष विक्टर आचार्य, राज्य कमेटी सदस्य बाबू भट्टाचार्य, गौरव धल्ल, आशीष कुंभकार सहित अन्य प्रमुख सदस्य उपस्थित रहे.


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