रानीगंज: अपनी जान जोखिम में डालकर बस की छतों पर सफर करने वाले यात्रियों के खिलाफ रानीगंज ट्रैफिक विभाग ने कड़ा रुख अपनाया. आसनसोल-दुर्गापुर पुलिस कमिश्नरेट के निर्देश पर रविवार को रानीगंज ट्रैफिक गार्ड के प्रभारी के नेतृत्व में विभिन्न व्यस्त रूटों पर एक विशेष तलाशी अभियान चलाया गया.
बीच सड़क पर रुकवाई गईं बसें, उतारे गए यात्री
ट्रैफिक पुलिस ने रानीगंज थाना के सहयोग से जगन्नाथ ब्रिज समेत शहर के अन्य प्रमुख मार्गों पर नाकाबंदी कर बसों की सघन जांच की. इस दौरान कई बसें ऐसी पाई गईं जिनकी छतों पर यात्री बैठे हुए थे. पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए लगभग 20 से 25 यात्रियों को बस की छत से नीचे उतारा.
पुलिस की सख्त चेतावनी और कानूनी कार्रवाई का अल्टीमेटम
अभियान के दौरान पुलिस अधिकारियों ने यात्रियों और बस चालकों को सख्त हिदायत दी. पुलिस ने साफ किया कि छत पर सफर करना न केवल यातायात नियमों का उल्लंघन है, बल्कि यह जानलेवा भी साबित हो सकता है.भविष्य में यदि कोई यात्री दोबारा छत पर बैठा पाया गया, तो उसके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी.बस चालकों को भी चेतावनी दी गई कि क्षमता से अधिक या छत पर यात्री बैठाने पर उनके परमिट और लाइसेंस पर कार्रवाई हो सकती है.हमारा उद्देश्य किसी को परेशान करना नहीं, बल्कि सड़क हादसों और अप्रिय घटनाओं को रोकना है। प्रशासन नियमों की अनदेखी करने वालों के प्रति अब कोई ढिलाई नहीं बरतेगा.गौरतलब है कि पुलिस पिछले कुछ दिनों से लगातार इस तरह के अभियान चला रही है. प्रशासन ने स्पष्ट कर दिया है कि आने वाले दिनों में इस निगरानी को और अधिक कड़ा किया जाएगा. पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि वे सुरक्षित सफर करें और ट्रैफिक नियमों का पालन कर अपनी और दूसरों की जान सुरक्षित रखें.


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